बिहार में अक्टूबर के आखिरी दिनों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। दिन में गर्मी और धूप से परेशान लोगों को बारिश के कारण राहत मिल सकती है, लेकिन कुछ इलाकों में तेज हवा, गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति भी बन सकती है। मौसम विज्ञान केंद्र, पटना के पूर्वानुमान के अनुसार, 27 अक्टूबर से 1 नवंबर के बीच राज्य के अलग-अलग हिस्सों में बारिश होने की संभावना है। खासकर 29 और 30 अक्टूबर को कुछ जिलों में भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। इस बदलते मौसम का असर छठ पूजा की तैयारियों पर भी पड़ सकता है। ऐसे में लोगों के लिए जरूरी है कि वे अगले कुछ दिनों के मौसम की जानकारी लेते रहें।
बिहार में आज कैसा रहेगा मौसम?
27 अक्टूबर को बिहार के ज्यादातर जिलों में मौसम गर्म और अपेक्षाकृत शुष्क रह सकता है। हालांकि, पटना सहित दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-मध्य बिहार के कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज हवा चलने की आशंका है। हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
28 अक्टूबर से कई इलाकों में बादल बढ़ने और बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना है। इसलिए अगर आप खेती, यात्रा या छठ पूजा की तैयारी के लिए बाहर निकल रहे हैं, तो मौसम के ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखना उपयोगी रहेगा।
29 और 30 अक्टूबर को इन जिलों में बारिश की संभावना
मौसम के पूर्वानुमान के मुताबिक, 29 अक्टूबर को दक्षिण बिहार के कुछ जिलों में भारी बारिश हो सकती है। वहीं, 30 अक्टूबर को राज्य के पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी हिस्सों के कुछ जिलों में तेज बारिश की संभावना जताई गई है।

| तारीख | प्रभावित जिले या क्षेत्र | संभावित मौसम |
|---|---|---|
| 27 अक्टूबर | पटना, दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-मध्य बिहार के कुछ इलाके | गरज-चमक और तेज हवा |
| 28 अक्टूबर | दक्षिण-पश्चिम, दक्षिण-मध्य और दक्षिण-पूर्व बिहार के कुछ जिले | बादल, बारिश और बिजली |
| 29 अक्टूबर | गया, औरंगाबाद, भभुआ और रोहतास | भारी बारिश की संभावना |
| 30 अक्टूबर | बक्सर, गोपालगंज, सिवान और पश्चिम चंपारण | भारी बारिश की संभावना |
| 31 अक्टूबर | बिहार के कुछ इलाके | बारिश और वज्रपात की आशंका |
| 1 नवंबर | कुछ जिले | गरज-चमक के साथ बारिश संभव |
ध्यान दें कि यह पूर्वानुमान पर आधारित जानकारी है। बारिश की तीव्रता और प्रभावित क्षेत्रों में बदलाव हो सकता है।
बिहार के प्रमुख शहरों में कितना रहेगा तापमान?
अगले कुछ दिनों में बिहार के अधिकतर शहरों में अधिकतम तापमान 30 से 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। दिन में गर्मी महसूस हो सकती है, जबकि सुबह और रात के समय मौसम अपेक्षाकृत आरामदायक रहने की संभावना है।
| शहर | अधिकतम तापमान | न्यूनतम तापमान |
|---|---|---|
| पटना | 32°C | 22°C |
| बेगूसराय | 32°C | 20°C |
| भागलपुर | 31°C | 21°C |
| गयाजी | 32°C | 20°C |
| मुजफ्फरपुर | 32°C | 20°C |
| दरभंगा | 33°C | 20°C |
29 और 30 अक्टूबर के आसपास बारिश होने पर अधिकतम तापमान में लगभग 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है। इससे दिन की गर्मी कम होने और सुबह-शाम हल्की ठंड महसूस होने की संभावना है।
पटना और मुजफ्फरपुर की हवा भी खराब
मौसम के साथ-साथ वायु गुणवत्ता पर ध्यान देना भी जरूरी है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पटना का AQI 159 और मुजफ्फरपुर का AQI 153 दर्ज किया गया है। ये दोनों आंकड़े खराब वायु गुणवत्ता की ओर संकेत करते हैं।
ऐसी स्थिति में सांस संबंधी परेशानी वाले लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए। AQI में बदलाव होता रहता है, इसलिए बाहर निकलने से पहले ताजा वायु गुणवत्ता सूचकांक देखना बेहतर रहेगा।
छठ पूजा पर बारिश का कितना असर पड़ सकता है?
बिहार में छठ पूजा के दौरान मौसम को लेकर लोगों की चिंता बढ़ सकती है, क्योंकि 31 अक्टूबर और 1 नवंबर के पूर्वानुमान में भी कुछ इलाकों में बारिश और गरज-चमक की संभावना बनी हुई है। इससे घाटों पर जाने वाले श्रद्धालुओं और पूजा की तैयारी कर रहे परिवारों को मौसम पर नजर रखनी होगी।
हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर यह तय नहीं कहा जा सकता कि छठ पूजा के दिन सभी जगह बारिश होगी। स्थानीय मौसम की स्थिति अलग-अलग हो सकती है। इसलिए घाट पर जाने से पहले मौसम विभाग की ताजा चेतावनी और स्थानीय प्रशासन की सलाह जरूर देखें।
बारिश और वज्रपात को लेकर क्या सावधानी रखें?
गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, पेड़ों के नीचे और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचें। तेज हवा के समय कमजोर छतों, अस्थायी ढांचों और लटकती वस्तुओं से दूरी रखें। अगर मौसम अचानक खराब हो जाए, तो सुरक्षित पक्के भवन में शरण लें।
निष्कर्ष: बिहार में 27 अक्टूबर से 1 नवंबर के बीच मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। 29 अक्टूबर को गया, औरंगाबाद, भभुआ और रोहतास तथा 30 अक्टूबर को बक्सर, गोपालगंज, सिवान और पश्चिम चंपारण में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। छठ पूजा के दौरान भी कुछ इलाकों में मौसम खराब हो सकता है, इसलिए लोगों को ताजा पूर्वानुमान के अनुसार अपनी तैयारी करनी चाहिए।






