उत्तर भारत में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। पिछले कई घंटों से दिल्ली-NCR समेत उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब के अलग-अलग इलाकों में बारिश हो रही है। आसमान में छाए घने बादलों और ठंडी हवाओं ने लोगों को सर्दी का एहसास कराना शुरू कर दिया है। वहीं, चक्रवाती तूफान अर्णब के कमजोर होने के बाद भी इसका असर कई राज्यों में देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग के मुताबिक, आने वाले दिनों में मध्य भारत और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में तेज हवाओं के साथ बिजली गिरने की आशंका भी जताई गई है।
दिल्ली-NCR में बारिश से बदला मौसम, तापमान में आई गिरावट
दिल्ली और आसपास के शहरों में लगातार हो रही बारिश के कारण मौसम काफी ठंडा हो गया है। नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में रात से ही बादलों का डेरा बना हुआ है। कई जगहों पर रुक-रुककर बारिश दर्ज की गई है। सुबह के समय भी आसमान में अंधेरा छाया रहा।
राजधानी दिल्ली में रात का तापमान गिरकर 15 से 16 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। पहाड़ी इलाकों से आने वाली ठंडी हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने शुक्रवार के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। दिनभर बादल छाए रहने और दो से तीन बार बारिश होने की संभावना है। इसके अलावा गरज-चमक, तेज हवाओं और बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है।
एक अच्छी खबर यह है कि बारिश के कारण दिल्ली में प्रदूषण से कुछ राहत मिली है। यहां एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) घटकर 133 पर पहुंच गया है।
1 नवंबर से दिल्ली में साफ हो सकता है मौसम
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, दिल्ली-NCR में अगले 24 से 48 घंटों के दौरान बारिश और आंधी का असर बना रह सकता है। हालांकि, 1 नवंबर से मौसम में सुधार होने की उम्मीद है।
| तारीख | मौसम का अनुमान |
|---|---|
| 30 अक्टूबर | बादल, बारिश और गरज-चमक |
| 31 अक्टूबर | बादल छाए रहने की संभावना |
| 1 नवंबर | मौसम साफ होने के आसार |
| 2 नवंबर | आसमान साफ रहने की उम्मीद |
उत्तर प्रदेश में पूर्वांचल से पश्चिमी जिलों तक बारिश
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बारिश का सिलसिला जारी है। पूर्वांचल में गोरखपुर, वाराणसी, बस्ती और महाराजगंज जैसे इलाकों में रात से ही बारिश देखने को मिल रही है। वहीं लखनऊ और कानपुर में भी बादल छाए हुए हैं और हल्की बरसात हो रही है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ और हापुड़ में भी मौसम का मिजाज बदला हुआ है। सोनभद्र, गाजीपुर और बलिया के कुछ संवेदनशील इलाकों में लगातार बारिश के कारण जलभराव और बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है।
बिहार, झारखंड और ओडिशा में भारी बारिश की चेतावनी
चक्रवाती सिस्टम के प्रभाव से पूर्वी और मध्य भारत के राज्यों में मौसम ज्यादा खराब हो सकता है। बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, ओडिशा और पश्चिम बंगाल में भारी बारिश का अनुमान है।
मौसम विभाग ने बिहार के पूर्वी और पश्चिमी चंपारण, रोहतास और भोजपुर में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है। झारखंड के पलामू और सिमडेगा में भी तेज बारिश हो सकती है।
इसी तरह छत्तीसगढ़ के कोरबा, सरगुजा और बलरामपुर तथा ओडिशा के सुंदरगढ़, क्योंझर और संबलपुर में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश भी हो सकती है।
बंगाल की खाड़ी में फिर सक्रिय होगा नया मौसम सिस्टम
मौसम विभाग के मुताबिक, चक्रवाती तूफान अर्णब का बचा हुआ हिस्सा कमजोर होकर छत्तीसगढ़ और आसपास के ओडिशा क्षेत्र में कम दबाव के क्षेत्र में बदल गया है। यह सिस्टम उत्तर दिशा की ओर बढ़ रहा है, जिसके कारण कई राज्यों में बारिश हो रही है।
इसके अलावा 31 अक्टूबर तक बंगाल की खाड़ी और अंडमान सागर के आसपास एक नया मौसमी सिस्टम सक्रिय होने की संभावना है। इसके अगले दो दिनों में ज्यादा मजबूत होकर आंध्र प्रदेश के तट की तरफ बढ़ने का अनुमान है।
दक्षिण भारत में 2 से 4 नवंबर तक बारिश का अलर्ट
नवंबर की शुरुआत में दक्षिण भारत के राज्यों में भी बारिश का नया दौर देखने को मिल सकता है। आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और कर्नाटक में बारिश की गतिविधियां बढ़ने का अनुमान है।
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, 2 से 4 नवंबर के बीच कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में कई जगह बारिश हो सकती है। 2 और 3 नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी है। वहीं तेलंगाना के कुछ हिस्सों में 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और बारिश होने की आशंका है।
बारिश और आंधी के दौरान इन बातों का रखें ध्यान
खराब मौसम को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की जरूरत है। बिजली कड़कने के दौरान खुले मैदान, पेड़ और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचें। तेज बारिश के समय अनावश्यक यात्रा करने से बचना बेहतर रहेगा। जिन इलाकों में जलभराव या बाढ़ की आशंका है, वहां रहने वाले लोगों को स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देना चाहिए।
कुल मिलाकर, 30 अक्टूबर से नवंबर के शुरुआती दिनों तक देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। दिल्ली-NCR में जहां धीरे-धीरे मौसम साफ होने की उम्मीद है, वहीं बिहार, झारखंड, ओडिशा और दक्षिण भारत के कई राज्यों में बारिश लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।







